Friday, 27 March 2020

भावनाओं के उदगार में बहता प्रेम।













Photo credit: twitter.









भावनाओं के उदगार में 
बहता हुआ प्रेम कभी
मुक़म्मल नहीं हो पाता है।

शायद उसे जरूरत होती है
एक कठिन फैसले की
जिसमें भागीदारी होती है
प्रेमी की, प्रेमिका की,
और किसी तीसरे की भी।

©नीतिश तिवारी।




Wednesday, 25 March 2020

Lock down की घोषणा होते ही रात हम देखली सपनवा कि सइयाँ घरे आइहें।

21 days lock down

Picture credit : Google.







Lock down की घोषणा होते ही रात हम देखली सपनवा कि सइयाँ घरे आइहें।

24 मार्च 2020 रात आठ बजे मोदी जी के संदेश को सुनकर मिश्रा जी घबरा गए। चार साल पहले 2016 में भी मिश्रा जी घबरा गए रहे। तब कारण रहा नोटबन्दी, अबकी बार कारण रहा लोगबंदी या यूँ कहें भारत बंदी। वैसे मोदी जी लोगों की साँसें थामने के लिए रात 8 बजे का ही वक़्त क्यों चुनते हैं, ये अभी तक एक रहस्य है।

इक्कीस दिन के lock down का संदेश सुनते ही हमारे मित्र मिश्रा जी गहरे सोंच विचार में पड़ गए। पिछले एक हफ़्ते से दफ़्तर ना जा पाने की मजबूरी में ना जाने कितने टोटल सिगरेट फूँक कर और कैप्टन  मॉर्गन के पैग खत्म कर करके मिश्रा जी एकदम फ्रास्टिया गए थे। ऊपर से ये 21 दिन का लॉक डाउन। लेकिन बेचारे अकेले करते भी तो क्या। घर और परिवार से दूर रहने की मजबूरी में टोटल इनसिक्योर फील कर रहे थे। बाहर निकलें भी तो कैसे, एक तो कोरोना का खौफ़ ऊपर से पुलिस से पीटे जाने का डर।

जैसे ही मोदी जी का भाषण खत्म हुआ, मिश्रा जी ने गाँव में पिया की राह देख रही अपनी धर्मपत्नी को फोन लगा दिया। फोन लगाते ही कॉलर ट्यून बजने लगा, "रात हम देखली सपनवा कि सइयाँ घरे अइहें।"
एक तो करेला ऊपर से नीम चढ़ा। एक हफ्ते से अवसाद ग्रस्त 2020 के कबीर सिंह बने मिश्रा जी, घर आने वाला गाना सुनकर और भड़क गए। धर्मपत्नी के फोन उठाते ही उन्होंने चिल्लाना शुरू कर दिया। 
"ये क्या गाना लगा रखा है तुमने, सब कुछ बंद है तो कैसे घर आऊँ।"
"अरे त खिसिया काहे रहे हैं, हम थोड़े ना बंद किये हैं। हमरे दिल के दरवाजा त आपके लिए हरदम खुला है।"
"ठीक है, ठीक है, देखते हैं कवनो जुगाड़। एक काम करो, तुम पड़ोस वाले डॉक्टर बंशी जी के घर चले जाओ और अपने बीमार होने की पुरानी रिपोर्ट को फिर से बनवाकर मुझे वाट्सएप्प करो।"
"लेकिन जी, हम तो एकदम ठीके हैं।"
" अरे तुम समझती नहीं हो, अगर हमें देखना चाहती हो तो बस यही एकमात्र उपाय है। रिपोर्ट लेकर हम आएंगे तो कोई पुलिस नहीं पकड़ेगा।"
मिश्रा जी ने इस बार नरम आवाज़ में प्यार से अपनी पत्नी को समझाया और फोन काट दिया। 
प्रेम कितने जुगाड़ करवा देता है ना!
रचना पसंद आई हो तो शेयर करिए, हौंसला मिलता है।

©नीतिश तिवारी।

Tuesday, 24 March 2020

Prevention is the only cure to fight with Corona.

Corona virus
Pic : from Google.








Prevention is the only cure to fight with Corona.

Global data of Corona infected countries are so horrible and scary. More than 3,50,000  people are infected and 17,000 people have lost their life. We need to understand the seriousness of the situation. The epidemic Corona is getting worse day by day. India is still a developing nation in 2020 . We don't have well equipped healthcare system as compared to China, USA & Italy. 

There is a famous saying, " Prevention is better than cure." I would urge that "Prevention is the only cure to fight with Corona at this moment."

The best part about India is that we are in stage two and we can still prevent this virus spreading to stage three which will be a disaster. 
After Janta Curfew people are more aware about the Corona Virus and I strongly urge everyone to follow the guidelines. Wash your hands properly, don't go outside, wear mask if you've cough and cold and consult to the doctor if you have any symptoms of Corona.

Let's fight together .
Let's win together.
Stay at home.
God bless us all.

©Nitish Tiwary.

Sunday, 22 March 2020

कोरोना को हराना है, भारत से भगाना है। जनता कर्फ़्यू जारी है।

COVID-19 कोरोना





COVID-19 यानी कि कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया में आतंक मचा रखा है। भारत में भी अभी तक 300 से अधिक मामले सामने आए हैं। जिस तरह से भारत में मामले बढ़ रहे हैं वो चिंताजनक है। इसी के मध्यनजर आज 22 मार्च 2020 को जनता कर्फ्यू का ऐलान माननीय प्रधानमंत्री मोदी जी के द्वारा किया गया है। पूरे देश में जनता कर्फ़्यू का व्यापक असर देखा जा रहा है। सब कुछ बन्द है। कोरोना वायरस से बचाव ही एकमात्र इलाज़ है। सब लोग नियमों का पालन कीजिये। 

जब भी आए खाँसी बुखार,
जाँच के लिए हो जाओ तैयार।

बीमारी को नहीं छिपाना है,
डॉक्टर के पास जाना है। 

कोरोना को हराना है,
भारत से भगाना है।

जय हिन्द।

©नीतिश तिवारी।

Friday, 20 March 2020

मोहब्बत में इंकलाब आ जाएगा।

मोहब्बत में इंकलाब आ जाएगा।
Pic credit : Twitter.





तेरी झुकी नज़र इश्तिहार-ए-इश्क़ की दावत लगती है,
जरा मुझे तो देखो, मोहब्बत में इंकलाब आ जाएगा।

Teri jhuki nazar ishtihar-e-ishq ki dawat lagti hai,
Jara mujhe toh dekho, mohbbat mein inkalab aa jayega.

साज़िश नज़रों ने की, हरक़त मेरे दिल पर हुआ,
तेरी पलकों के उठते ही, मेरा इश्क़ मुक़म्मल हुआ।

Sazish nazron ne ki, harqat mere dil par hua,
Teri palkon ke uthte hi, mera ishq muqammal hua.

©नीतिश तिवारी।

वीडियो भी है:



Thursday, 19 March 2020

तुम चाँद को देखो, हम तुम्हें देखें।

तुम चाँद को देखो, हम तुम्हें देखें।
Pic credit : Google.





होश में रहने की हिदायत मुझे देते हो,
और ज़ुल्फ़ खोलकर कयामत तुम करते हो।

Hosh mein rahne ki hidayat mujhe dete ho,
Aur zulf kholkar kayamat tum karte ho.

आगाज़ नया, अंदाज़ पुराना, ऐसा हो हमारा अफ़साना,
तुम चाँद को देखो, हम तुम्हें देखें, ढूँढ लो प्यार का नया बहाना।

Aagaz naya, andaz purana, aisa ho humara afsana,
Tum chand ko dekho, hum tumhen dekhen, dhoondh lo pyar ka naya bahana.

©नीतिश तिवारी।

ये भी देखिए।



Sunday, 15 March 2020

ऐसे लोग मजदूर कहलाते हैं।

Photo credit: Google.




वो मेहनत करते हैं,
वो मजदूरी भी करते हैं,
दो वक्त की रोटी खातिर
जाने कितने पत्थर तोड़ते हैं।

मौसम कोई भी हो,
वो कभी नहीं थकते हैं,
हर परिस्थिति से वो,
जमकर लड़ते हैं,

अपना घर चलाने को,
दूसरों के घर बनाते हैं,
कोई शिकायत नहीं करते,
दिहाड़ी लेकर चले जाते हैं।

भविष्य के लिए नहीं जीते,
वर्तमान को सुंदर बनाते हैं,
सुबह से शाम मेहनत करते,
ऐसे लोग मजदूर कहलाते हैं।

©नीतिश तिवारी।

ये भी देखिए।




Friday, 13 March 2020

तुम आओ तो।

Tum aao toh

Pic credit : Google.




बिखरे बिखरे हैं अंदाज़,
उलझे हुए से हैं मेरे ख़्वाब,
तुम आओ तो कुछ बात बने,
कह रही है दिल की आवाज़।

शाम गुजरे और सुबह हो जाए,
तुम आओ तो विरह मिट जाए,
रात के जुगनू से कौन रौशन है,
तुम आओ तो अंधेरा मिट जाए।

©नीतिश तिवारी।

ये भी देखिए।


Thursday, 12 March 2020

ऐसा गुनाह किया हमने।

Dard shayari

Pic credit: Google.




सजा मालूम थी, फिर भी ऐसा गुनाह किया हमने,
शहज़ादी से इश्क़ करके खुद को तबाह किया हमने,
यूँ तो बहुतों की नजर थी हमारी शख्सियत पर लेकिन,
सिर्फ़ उनके ही रुख़सार की तरफ़ निगाह किया हमने।

Saja maloom thi, phir bhi aisa gunah kiya humne,
Shahzadi se ishq karke khud ko tabaah kiya humne,
Yun toh bahoton ki najar thi humari shakhsiyat par lekin,
Sirf unke ki rukhsaar ki taraf nigaah kiya humne.

©नीतिश तिवारी।

ये भी देखिए।




Tuesday, 10 March 2020

अच्छे गुजरे दो साल, हम हुए खुशहाल।





पूरी कहानी कम पड़ जाती है सुनाने को,
महबूब का किरदार ही जब पहला हो।

10 मार्च 2020 बेहद खास रहा। एक तो मेरा फेवरेट त्त्यौहार होली उस पर विवाह की दूसरी वर्षगाँठ। गाँव में पूरे परिवार के साथ पर्व और खुशियों में शामिल होने का अलग ही आनंद है। 



वैसे तो मैंने आज तक अपने जन्मदिन पर भी केक नहीं काटा है लेकिन छोटे भाई मयंक के जिद्द और प्यार ने शादी की सालगिरह को बेहद खास बना दिया। केक काटने का आईडिया मयंक का ही रहा। 




अच्छे गुजरे दो साल,
आप हैं बेमिसाल,
हम हुए खुशहाल।
💓💓💓
श्रीमती जी, 
कोटि कोटि आभार।
🙏🙏🙏

©नीतिश तिवारी।


Sunday, 8 March 2020

नारी का तुम सम्मान करो। A Poem on International Women's Day.

नारी का तुम सम्मान करो। A Poem on International Women's Day.
फ़ोटो: गूगल से साभार।






नर हो तो तुम एक काम करो,
दौलत पर ना अभिमान करो,
तुम्हें दुनिया में लाया है जिसने,
उस नारी का तुम सम्मान करो।

पुरुषों का है वर्चस्व यहाँ,
ये बात तो अब इतिहास हो गई,
औरत सिर्फ चुल्हा चौका करती है,
ये मानों कल की बात हो गई।

बीती बातों को भूल के तुम,
कदम से कदम बढ़ाए जाओ,
जहाँ भी दिखे अत्याचार नारी पर,
अपनी आवाज़ उठाये जाओ।

संघर्ष तुम्हारा कैसा भी हो पर,
सहनशक्ति की मूरत है वो,
जब युद्ध लड़ोगे रथ पर होकर,
रथ के पहियों जैसी जरूरत है वो।

नर हो तो तुम एक काम करो,
कभी ना उनका अपमान करो,
सृष्टि की सर्वोत्तम रचना है जो,
उस नारी का तुम सम्मान करो।

©नीतिश तिवारी।



YouTube पर भी देख सकते हैं।