Skip to main content

Posts

Showing posts from October, 2019

इबादत मैं करूँ सिर्फ तेरी।

Pic credit : Google. ख्वाब भी तेरे,  रौशनी भी तेरी, हुस्न भी तेरा,  तिश्नगी भी तेरी। एक मैं ही अधूरा, शाम-ए-महफ़िल में, ज़ुल्फ़ भी तेरी, सादगी भी तेरी। तू मिले या ना मिले, इबादत मैं करूँ, अब सिर्फ तेरी। Khwab bhi tere, Raushni bhi teri, Husn bhi tera, Tishnagi bhi teri,. Ek main hi adhoora, Shaam-ae-mehfil mein, Zulf bhi teri, Saadgi bhi teri. Tu mile ya na mile , Ibadat main karun, Ab sirf teri. ©नीतिश तिवारी।

Happy Diwali 2019

दीप उत्सव आया है, रौशनी की करो तैयारी, प्रेम स्नेह से प्रकाशित हो, ऐसी ही दुनिया हो तुम्हारी। Deep utsav aaya hai, Raushni ki karo taiyari, Prem sneh se prakashit hi, Aisi ho duniya tumhari. ©नीतिश तिवारी। आप सभी को दीपावली को ढेर सारी शुभकामनाएँ। Happy Diwali.

शायरी का असर देखिए।

मेरे ख्वाब हक़ीक़त में बदल रहे थे, कुछ लोग दूसरी तरफ चल रहे थे, मेरी शायरी और गज़ल का असर देखिए, वो मेरे हर्फ़ हर्फ़ से मचल रहे थे। Mere khwab haqiqat mein badal rahe the, Kuch log doosri taraf chal rahe the, Meri shayari aur ghazal ka asar dekhiye, Wo mere harf harf se machal rahe the . ©नीतिश तिवारी।

मैं तेरे लिए ही जी रहा हूँ।

पहले तो तुमसे प्यार हुआ, फिर तुम मेरी मोहब्बत बनी, और अब मैं तुमसे, इश्क़ कर रहा हूँ, मैं तेरे लिए ही, जी रहा हूँ। Pahle toh tumse pyar hua, Fir tum meri mohabbat bani, Aur ab main tumse, Ishq kar raha hoon, Main tere liye hi, Jee raha hoon. ©नीतिश तिवारी। ये भी देखिए।

'Jacqueline I am coming' is the obsession of Love.

'Jacqueline I am coming' is the obsession of Love.  नमस्कार दोस्तों, हाल ही में मैंने एक फ़िल्म देखी जिसका नाम है- Jacqueline I am coming . अब आप सोच रहे होंगे कि ये ग़ज़ल और शायरी लिखने वाला बंदा फ़िल्म का review क्यों लिख रहा है । इसका कारण ये है कि ये अपनी परिवार की फ़िल्म है। जी हाँ सही पढ़ा आपने, ये अपने परिवार की फ़िल्म है क्यूँकि  मेरे मामा इस फ़िल्म के लेखक और निर्देशक हैं। बड़े मामा Pinku Dubey ने इस फ़िल्म को लिखा है और इन्हीं  के अनुज Banty Dubey ने फ़िल्म को निर्देशित किया है। बरसों तक Mumbai में संघर्ष करने के बाद का सुखद परिणाम इस फ़िल्म के रूप में आया है।  किसी God father के बिना और किसी बड़े production house के support के बिना भी इस फ़िल्म का सफल रिलीज इस बात का प्रमाण है कि चाहे परिस्थितियाँ  कितनी भी प्रतिकूल हों, अगर आप मेहनत करेंगे तो मंजिल जरूर मिल जाएगी। Director Banty Dubey(middle) at BVFF If we talk about star cast of the movie तो इसमें Raghuvir Yadav मुख्य भूमिका में हैं। इनकी पत्नी का रोल प्ले किया है Diiva Dhanoya ने । साथ ही सह अ

इंद्रधनुष बन जाओगे क्या!

Pic courtesy: Pinterest. रात को ख़्वाब में मिलने मुझे आओगे क्या, फिर सुबह मीठी चाय मुझे पिलाओगे क्या। दिन भर की थकान से बदन टूट जाता है, शाम को घर आने पर मेरे पाँव दबाओगे क्या। ज़िन्दगी में नए रंग देखने की ख्वाहिश है, तुम मेरा इंद्रधनुष बन जाओगे क्या। ©नीतिश तिवारी। ये भी देखिए। 

कितने राम आएँगे।

Pic credit: Google. जब राम उठाएंगे धनुष फिर रावण जलेगा तो क्या  अंदर बाहर कितने रावण भरे हुए हैं जीवन में सबके फिर कितने राम आएंगे किस रावण को मारेंगे खुद ही करना होगा उद्धार राम नहीं अब तारण हार जल गई सोने की लंका अयोध्या भी है सरयू पार तुम गाँठ बाँध लो जीवन में त्रेता नहीं ये कलयुग है राम राज्य ना आएगा कितने राम आएंगे किस रावण को मारेंगे। ©नीतिश तिवारी।

Shayari fir se.

कलम का जोर कब तक दिखाओगे तुम, स्याही खत्म होने के बाद उसे भुलाओगे तुम, खत्म कर दो दास्ताँ बंद करो ये कहानी, बिखरे हुए पत्तों को कब तक जलाओगे तुम। Kalam ka jor kab tak dikhaoge tum, Syahi khatm hone ke baad use bhulaoge tum, Khatm kar do dastan band karo ye kahani, Bikhre huye patton ko kab tak jaaoge tum. ©नीतिश तिवारी। ये भी देखिए।

जी चाहता है।

ख्वाबों के दरिया से होते हुए दिल के समंदर में पहुँचकर गोता लगाने को जी चाहता है अब बहुत देर हो गई है अब मंज़िल तक पहुँचने को जी चाहता है। ©नीतिश तिवारी। ये भी देखिए।

तुम्हें पाना चाहता हूँ।

Pic credit : Pinterest. भौतिक संसाधनों से परे, नाम और शोहरत की  भीड़ में भी मैं सिर्फ तुम्हें तलाश करता हूँ। इस निरर्थक जीवन में सिर्फ एक काम  जो सार्थक लगता है तुम्हें तलाश करना। वही बातें वही रातें चंद मुलाक़ातें फिर से लाना चाहता हूँ तुम्हें ढूँढना चाहता हूँ तुम्हें पाना चाहता हूँ। ©नीतिश तिवारी।

ऐ दिल तू इतना कमजोर क्यों है!

Pic courtesy: Google ऐ दिल तू इतना कमजोर क्यों है , जब धड़कते हो मेरे सीने में, तो किसी और के लिए यह शोर क्यों है, ए दिल तू इतना कमजोर क्यों है। तेरी इस बेरुखी से मैं अनजान हूँ, तेरी इन गलतियों से मैं परेशान हूँ, जब तू ऐसा करेगा, तो सोच मेरा क्या होगा, मशीन ना समझा कर मुझे, मैं भी एक इंसान हूं। सोच नहीं पाता हूँ कि, तुझ पर उसका जोर क्यों है, ऐ दिल तू इतना कमजोर क्यों है, जब धड़कते हो मेरे सीने में, तो किसी और के लिए यह शोर क्यों है। ऐ दिल तू इतना कमजोर क्यों है। बता तो सही, या फिर मैं कुछ कर जाऊँ, तुझे निकाल कर फेंक दूँ , या जीते जी मर जाऊँ, मुझे यूँ जो तू वक्त-बेवक्त तड़पाएगा, क्या मेरे बिन तू मुकम्मल रह पाएगा। जब चलता हूँ मैं सीधी राह पर, तो तू अक्सर लेता मोड़ क्यों है, ऐ दिल तू इतना कमजोर क्यों है, जब धड़कते हो मेरे सीने में, तो किसी और के लिए शोर क्यों है। ऐ दिल तू इतना कमजोर क्यों है। तू महफिलों में अकेला कर देता है, तन्हाइयों में मुझे घेर लेता है, जानते हो कि मैं नहीं सह सकता, तो तू क्यों इतना दर्द देता है। ये भी पढ़ि

It's about you my love.

Pic credit : Pinterest. It's about you my love. How many times I stand with you Without any demand I loved you the most  And today I need  Some love from you You moved away  Just like another day Why this happened Come and explain  I need to know Reason for denial I need to know  Why this happened. Read Also :   English poem- Questions and Answers. ©Nitish Tiwary. 

तो क्या वो...

बहारें फूल नहीं बरसा रही हैं, तो क्या महबूब नहीं आएगा। सितारे आज रौशन नहीं हैं , तो क्या रात नहीं होगी। हमसे आज ख़ता हो गयी है, तो क्या वो मोहब्बत छोड़ देगी। रोज सज़दा नहीं करता उसका, तो क्या वो इनायत छोड़ देगी। ©नीतिश तिवारी।

Subscribe To My YouTube Channel